इटावा। उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री बृजेश पाठक द्वारा पढ़े-लिखे युवाओं को रोजगार के लिए ई-रिक्शा चलाने की सलाह दिए जाने की बात को लेकर बुधवार को लोकप्रिय राष्ट्रवादी पार्टी के कार्यकर्ताओं ने विरोध जताया। कार्यकर्ता ई-रिक्शा से इटावा कचहरी पहुंचे और सिटी मजिस्ट्रेट को राष्ट्रपति के नाम संबोधित ज्ञापन सौंपा।
पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष राजेंद्र कुमार प्रजापति ने कहा कि सरकार के जिम्मेदार पदों पर बैठे लोगों द्वारा पढ़े-लिखे बेरोजगार युवाओं को ई-रिक्शा चलाने की सलाह देना उचित नहीं है। उन्होंने कहा कि युवा वर्षों तक शिक्षा प्राप्त कर अपनी योग्यता के अनुरूप रोजगार की उम्मीद करते हैं। ऐसे बयानों से युवाओं में निराशा पैदा होती है। उन्होंने कहा कि यदि रोजगार के लिए ई-रिक्शा चलाना ही विकल्प है तो सरकार के जिम्मेदार लोग भी युवाओं के बीच जाकर इसका उदाहरण प्रस्तुत करें।
संभावित निर्दलीय प्रत्याशी विधानसभा इटावा सुशांत भदौरिया ने कहा कि वह शिक्षक हैं और गांव व गरीब परिवारों के बच्चे बड़ी उम्मीद के साथ शिक्षा प्राप्त करने आते हैं। उनके अभिभावक चाहते हैं कि बच्चे पढ़-लिखकर अपना भविष्य बेहतर बनाएं। उन्होंने कहा कि उच्च शिक्षा, डिग्री और युवाओं की योग्यता का उपयोग रोजगार के अवसर उपलब्ध कराने में होना चाहिए।
उन्होंने कहा कि यदि युवाओं को सुबह और शाम ई-रिक्शा चलाने की सलाह दी जा रही है, तो सवाल उठता है कि वर्षों की पढ़ाई और उनकी शैक्षिक योग्यता का उपयोग कहां होगा। कार्यकर्ताओं ने सरकार से युवाओं के लिए उनकी योग्यता के अनुरूप रोजगार के अवसर उपलब्ध कराने की मांग की।

