जैनागम को समझने के लिए अनेक दृष्टियों को समझना होगा : पट्टाचार्य श्री विशुद्धसागर जी गुरुदेव
नई दिल्ली, 10 अक्टूबर 2026। ऋषभ विहार। ऋषभ विहार, दिल्ली में विराजित परम पूज्य पंचम पट्टाचार्य श्री 108 विशुद्धसागर जी गुरुदेव ने त्रिदिवसीय “राष्ट्रीय विद्वत संगोष्ठी” के प्रथम सत्र को संबोधित करते हुए कहा कि जैनागम को समझने के लिए विभिन्न दृष्टियों को समझना पड़ेगा। गुरुदेव ने कहा कि दार्शनिक दृष्टि, सिद्धान्त दृष्टि, नय दृष्टि,…

