इटावा। नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी, प्रियंका गांधी समेत गठबंधन के अन्य नेताओं को हिरासत में लिए जाने के विरोध में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने बुधवार देर रात तक शास्त्री चौराहे पर जोरदार प्रदर्शन किया। कांग्रेस जिलाध्यक्ष आशुतोष दीक्षित और शहर अध्यक्ष मोहम्मद राशिद के संयुक्त नेतृत्व में बड़ी संख्या में पार्टी कार्यकर्ता पूर्व प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री की प्रतिमा के नीचे धरने पर बैठ गए। प्रदर्शन देर रात करीब 11:30 बजे तक जारी रहा।
इस दौरान कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने केंद्र सरकार और चुनाव आयोग के खिलाफ नारेबाजी करते हुए हिरासत में लिए गए नेताओं को तत्काल रिहा करने की मांग की। कार्यकर्ताओं ने सड़क पर ‘हल्ला बोल’ के नारे लगाकर अपना विरोध दर्ज कराया और चुनाव प्रक्रिया को लेकर भी आपत्तियां उठाईं।
प्रदर्शन को संबोधित करते हुए कांग्रेस प्रदेश प्रवक्ता प्रेरणा जुबैरी ने आरोप लगाया कि लोकतांत्रिक आवाज को दबाने का प्रयास किया जा रहा है। वहीं पूर्व प्रांतीय अध्यक्ष अनिल यादव, पूर्व शहर अध्यक्ष पल्लव दुबे और पीसीसी सदस्य प्रशांत तिवारी ने कहा कि कांग्रेस नेताओं के अनुसार सरकार की नीतियों और कार्रवाई से नागरिकों के अधिकारों को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं। उन्होंने कहा कि कांग्रेस लोकतांत्रिक अधिकारों और जनता की आवाज के मुद्दे पर अपना विरोध जारी रखेगी।
कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं ने चुनाव प्रक्रिया को लेकर भी सवाल उठाते हुए ‘ज्ञानेश कुमार इस्तीफा दो’ के नारे लगाए। उनका कहना था कि लोकतांत्रिक व्यवस्था में जनता की आवाज और उसके मत का सम्मान होना चाहिए। कार्यकर्ताओं ने कहा कि केंद्र सरकार और चुनाव आयोग के खिलाफ उनका विरोध आगे भी जारी रहेगा।प्रदर्शन के दौरान पीसीसी सदस्य कोमल सिंह कुशवाहा, जिला उपाध्यक्ष सतीश नागर, जिला उपाध्यक्ष संजय दोहरे, वरिष्ठ कांग्रेसी नेता प्रेम किशोर द्विवेदी, शहर महासचिव अवनीश वर्मा, वाचस्पति द्विवेदी, यूथ अध्यक्ष शौज़ब रिजवी, अरशद अली, अमन तिवारी, प्रतिमा अग्निहोत्री, अजय अग्निहोत्री समेत बड़ी संख्या में कांग्रेस नेता और कार्यकर्ता मौजूद रहे।
राहुल गांधी को हिरासत में लिए जाने के विरोध में सड़क पर उतरी कांग्रेस

