इटावा – इटावा सफारी पार्क में विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर समाजसेविका श्रीमती अंजनी पटेल पत्नी डॉ अनिल कुमार पटेल निदेशक इटावा सफारी पार्क, सफारी पार्क के अधिकारियों, कर्मचारियों, माय भारत संस्थान के प्रतिनिधियों व छात्रों द्वारा वृक्षारोपण किया गया। वृक्षारोपण के उपंरात छात्र-छात्राओं को विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर पर्यावरण संरक्षण का संकल्प दिलाया गया।
इस अवसर पर माय भारत के उप निदेशक सोनिका चन्द्रा ने कहा कि पर्यावरण जागरूकता को जगाने के लिए संयुक्त राष्ट्र द्वारा संचालित विश्व पर्यावरण दिवस दुनिया का सबसे बड़ा वार्षिक आयोजन है। इसका मुख्य उद्देश्य हमारी प्रकृति की रक्षा के लिए जागरूकता बढ़ाना और दिन-प्रतिदिन बढ़ रहे विभिन्न पर्यावरणीय मुद्दों पर सकारात्मक चर्चा करना है। आज के समय में वृक्षो की हमारे लिये उपयोगिता के साथ साथ उनके द्वारा यह भी बताया गया कि किस प्रकार के पौधे का उपयोग हमें कहाँ करना चाहिए। विश्व पर्यावरण दिवस के महत्व पर प्रकाश डालते हुए उन्होंने कहा कि पर्यावरण को सुधारने हेतु यह दिवस महत्वपूर्ण है जिसमें पूरा विश्व आज की पर्यावरणीय चुनौतियों को हल करने का रास्ता निकालता हैं।
इस अवसर पर पर्यावरण छात्र संसद के संयोजक कैलाश यादव ने विश्व पर्यावरण दिवस के इतिहास पर प्रकाश डालते हुए कहा कि वर्ष 1972 में संयुक्त राष्ट्र द्वारा मानव पर्यावरण विषय पर संयुक्त राष्ट्र महासभा का आयोजन किया गया था। इसी चर्चा के दौरान विश्व पर्यावरण दिवस का सुझाव भी दिया गया और इसके दो साल बाद, 5 जून 1974 से इसे मनाना भी शुरू कर दिया गया। 1987 में इसके केन्द्र को बदलते रहने का सुझाव सामने आया और उसके बाद से ही इसके आयोजन के लिए अलग अलग देशों को चुना जाता है। इसमें हर साल 143 से अधिक देश भाग लेते हैं और इसमें कई सरकारी, सामाजिक और व्यावसायिक लोग पर्यावरण की सुरक्षा, समस्या आदि विषय पर चर्चा करते हैं।इस मौके पर पर्यावरण छात्र संसद के संयोजक श्री संजय सक्सेना ने कहा कि छात्र-छात्राओं को पर्यावरण से जोड़कर उन्हें यह शिक्षा देनी चाहिए वे अन्य को प्रेरित करें। इस अवसर पर सफारी पार्क के क्षेत्रीय वन अधिकारी रूपेश श्रीवास्तव, बायोलॉजिस्ट बी.एन. सिंह, एजुकेशन अधिकारी कार्तिक द्विवेदी, शशांक पटेल एवं अन्य स्टाफ आदि का सराहनीय योगदान रहा।
इटावा सफारी पार्क में मनाया विश्व पर्यावरण दिवस

