इटावा। जनपद के कांग्रेस कार्यालय पर पूर्व उप प्रधानमंत्री बाबू जगजीवन राम की जयंती पर एक विचार गोष्ठी का आयोजन किया गया। इस अवसर पर ज़िला अध्यक्ष आशुतोष दीक्षित ने अपने विचार व्यक्त करते हुए कहा कि बाबू जगजीवन राम की गिनती आधुनिक भारतीय राजनीति के शिखर पुरुषों में अग्रणी पंक्ति में होती रही। संसदीय जीवन में राष्ट्र के प्रति उनकी निष्ठा एवं समर्पण अभूतपूर्व रहा।उनका संपूर्ण जीवन राजनीतिक, सामाजिक सक्रियता और विशिष्ट उपलब्धियों से भरा हुआ रहा। विचार गोष्टी की श्रृंखला को आगे बढ़ते हुए शहर अध्यक्ष मोहम्मद राशिद ने अपने संबोधन में कहा कि सदियों से शोषित और उत्पीड़ित दलितों, मज़दूरों के मूलभूत अधिकारों की रक्षा के लिए बाबू जगजीवन राम द्वारा किए गए कानूनी प्रावधान ऐतिहासिक हैं। जगजीवन राम जी का ऐसा व्यक्तित्व था जिसने कभी भी अन्याय से समझौता नहीं किया और दलितों के सम्मान के लिए हमेशा संघर्षरत रहे। बाबू जी का भारत में संसदीय लोकतंत्र के विकास में महत्वपूर्ण योगदान रहा । इसके साथ ही कोमल सिंह कुशवाहा पीसीसी मेंबर,करण सिंह राजपूत मैनपुरी कोऑर्डिनेटर,झब्बू लाल कुशवाहा आदि ने भी बाबूजी के कृतित्व एवं व्यक्तित्व पर अपने-अपने विचार प्रकट किए। विचार गोष्ठी में रणवीर सिंह यादव, बलवीर सिंह कठेरिया, कुशल पाल सिंह यादव,सचिन शंखवार,सरवर अली, प्रदीप द्विवेदी, तुलसीदास शुक्ला, महेंद्र सिंह, सिद्धनाथ , ब्रजकिशोर सिंह,राहुल, एवं अमन तिवारी, आदि कांग्रेस जन उपस्थित रहे।
पूर्व उपप्रधानमंत्री बाबू जगजीवन राम को याद कर मनाई गई जयंती

