Headlines

जय जय नेमीनाथ जय जय गिरनार यात्रा का अभिनंदन

जय जय नेमीनाथ जय जय गिरनार यात्रा का अभिनंदन
राजेश जैन दद्दू
इंदौर
इंदौर। मां अहिल्या की पावन धरा इंदौर नगरी में गुरुवार को 22वें तीर्थंकर भगवान नेमिनाथ के गगनभेदी जयकारे गूंजे। 1008 फिट के राष्ट्र ध्वज के साथ धर्म ध्वज थामे बड़ी संख्या में सकल दिगंबर जैन समाज के श्रद्धालुओं ने ऐतिहासिक राजवाड़ा से नेमि-गिरनार धर्म यात्रा में सहभागिता कर दिखा दिया कि इंदौर सकल जैन समाज गिरनार यात्रा के लिए पूर्ण समर्पित है। गुरुवार को ठीक 8.05 बजे राजवाड़ा पहुंची गिरनार धर्मयात्रा का यहां समाजजनों ने आत्मीय अभिनंदन किया। धर्म समाज प्रचारक राजेश जैन दद्दू ने बताया कि रथ पर बनाए गए सिद्ध क्षेत्र गिरनार पर्वत की चौथी टोंक पर विराजमान भगवान नेमिनाथ की प्रतिमा तथा एक अन्य वाहन में प्रतिष्ठित प्रतिमा के दर्शन करने के लिए श्रद्धालु भक्त जन उमड़ पड़े। नेमि-गिरनार धर्म यात्रा राजवाड़ा से आरंभ होकर मल्हारगंज, मोदी जी की नसिया, बड़ा गणपति होते हुए महावीरबाग पहुंची। इस धर्म यात्रा में आचार्य श्री विप्रणत सागर जी महाराज भी साथ चल रहे थे और मुनिश्री सम्बुद्धसागर जी महाराज का भी परम सानिध्य प्राप्त हुआ।
गिरनार जी की स्वतंत्रता के लिए अधिक चेतना की जरूरत
आचार्य श्री विप्रणतसागर जी महाराज ने महावीर बाग में हुई धर्मसभा को संबोधित करते हुए कहा कि जब हम जागृत होंगे तब तक गिरनार सिद्ध क्षेत्र स्वतंत्र होकर रहेगा। उन्होंने भारत की परतंत्रता का उदाहरण देते हुए कहा कि अंग्रेजों के शासन और उनकी दमनकारी नीतियों से ऐसा देशभक्ति का ज्वार आया कि कमजोर लोगों में जोश आ गया और वे जागृत हुए। इसका परिणाम हुआ कि भारत आजाद हो गया। उन्होंने कहा कि हम कमजोर रहे तो गिरनार को मुक्त नहीं करा सकते। संगठित होकर एकता का परिचय देते हुए सामाजिक जागृति और तन-मन-धन से समर्पण करने से ही गिरनार क्षेत्र को स्वतंत्र कराया जा सकता है। उन्होंने विश्व जैन संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष संजय जैन की धर्म समाज संस्कृति की दृढ़ इच्छा शक्ति की अनुमोदना करते हुए आशीर्वाद प्रदान किया।
इस अवसर पर मुनिश्री सम्बुद्धिसागर जी महाराज ने अपने ओजस्वी उद्बोधन में कहा कि यहां एकत्र समाज जनों में से प्रत्येक तन-मन-धन से गिरनार जी यात्रा के लिए पूर्ण समर्पण करे तो इंदौर से जाने वाले समाजजन गिरनार जी में ऐतिहासिक उपस्थिति का रिकॉर्ड बना सकते हैं। उन्होंने भी आशीर्वाद देते हुए विश्व जैन संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष संजय जैन के इस निर्भीक साहस की अनुमोदना की और सभी उपस्थित समाजजनों को यात्रा को सफल बनाने का संकल्प दिलवाया। दद्दू ने बताया कि इस अवसर पर दिगंबर जैन सामाजिक संसद के अध्यक्ष आनंद गोधा, हंसमुख गांधी, मनीष नायक, राहुल जैन स्पोर्ट्स, टीके वेद केलाश वेद,निर्मल कासलीवाल सहित अन्य समाज श्रेष्ठियों ने विश्व जैन संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष संजय जैन का आत्मीय अभिनंदन किया। उन्हें दुप्पटा और माला पहनाकर स्वागत किया।
महावीर बाग में आयोजित धर्मसभा में सामाजिक संसद के अध्यक्ष आनंद गोधा, हंसमुख गांधी, टीके वेद, सचिन जैन, राहुल जैन स्पोर्ट्स, जैनेश झांझरी, नकुल पाटोदी ने भी अपने विचार रखकर अधिक से अधिक संख्या में 20 जुलाई को गिरनारजी पहुंचकर धर्म प्रभावना बढ़ाने का आह्वान किया। सभी वक्ताओं ने तन-मन-धन से सहयोग कर बसों का बंदोबस्त करने और अधिक से अधिक लोगों को यात्रा में शामिल करने के लिए आर्थिक सहयोग करने का निवेदन भी किया।
इस अवसर पर दिगंबर जैन समाज के वरिष्ठ समाज श्रेष्ठी अमित कासलीवाल, मनोहर झांझरी, इंद्र सेठी, कैलाश लुहाड़िया, नवनीत जैन, पार्षद राजीव जैन, , राजेश नीता जैन, संजय जैन अहिंसा, पवन जैन, सुशील पांड्या, सुभाष पहाड़िया, वीरेंद्र बड़जात्या, प्रियांशु जैन, रिटायर्ड जज जेके जैन सहित बड़ी संख्या में एव मातृशक्ति महिला परिषद् की संभागीय अध्यक्ष श्रीमती मुक्ता जैन और युवक-युवतियां पचरंगी धर्म ध्वजा लेकर मौजूद रहे। संचालन मयंक जैन ने किया। आभार मीडिया प्रभारी राजेश जैन दद्दू ने माना। विश्व जैन संगठन, राष्ट्रीय जिनशासन एकता संघ के उपाध्यक्ष सतीश राजावत, ओम पाटोदी, अशोक सामरिया, मुकेश जैन, पारस जैन, राजीव जैन, राहुल जैन, आकाश जैन, महावीर सिंघई, मनीष जैन, मयूर जैन, जितेंद्र जैन, सुनील जैन, गोलू जैन, प्रेरणा जैन, प्रिया जैन, एडवोकेट अमित जैन आदि उपस्थित थे।

Please follow and like us:
Pin Share