ग्वालियर – कलेक्टर ग्वालियर श्रीमती रुचिका सिंह चौहान के निर्देशन में स्वास्थ्य सेवाओं का बेहतर संचालन किया जा रहा है, चिकित्सा के क्षेत्र में NQAS ( National Quality Assurance Standards ), “राष्ट्रीय गुणवत्ता आश्वासन मानक” कहा जाता है। यह स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्रालय द्वारा सार्वजनिक स्वास्थ्य सुविधाओं (जैसे जिला अस्पताल, पीएचसी) की गुणवत्ता को सुधारने और मान्यता देने के लिए स्थापित एक ढांचा है। जिला चिकित्सालय मुरार ग्वालियर को उक्त “राष्ट्रीय गुणवत्ता आश्वासन मानक” के अनुरूप है कि नहीं जिसे देखने हेतु केन्द्र सरकार की टीम 28 फरवरी 2026 को जिला चिकित्सालय मुरार का भ्रमण करेगी , जिला चिकित्सालय मुरार “राष्ट्रीय गुणवत्ता आश्वासन मानक” में पास हो इसी उद्देश्य से सोमवार को जिला चिकित्सालय मुरार ग्वालियर का औचक निरीक्षण एडीएम कुमार सत्यम ने किया ,उन्होने ओपीडी एवं अन्य सभी सेक्शनो का निरीक्षण किया निरीक्षण के दौरान उन्हें सर्जीकल वार्ड की टेविल का मेकनटोस गन्दा एवं फटा मिला वहीं ईएनटी में भी ट्रे ठीक नहीं मिली, उन्हें लगभग सभी सेक्शनों में कमी मिली जिस पर उन्होंने नाराजगी व्यक्त कि एवं सिविल सर्जन डॉ राजेश शर्मा और मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी जिला ग्वालियर डॉक्टर सचिन श्रीवास्तव को सात दिन का समय सुधार हेतु दिया और कठोर शब्दों में निर्देश दिए कि जिला चिकित्सालय मुरार ग्वालियर की स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार नहीं हुआ और NQAS ( National Quality Assurance Standards ), “राष्ट्रीय गुणवत्ता आश्वासन मानक” में जिला चिकित्सालय मुरार ग्वालियर पास नहीं हुआ तो नियमानुसार कठोर कार्रवाई की जायेगी, में सात दिन बाद पुनः निरीक्षण करुंगा।
इसके बाद वह एन.आर.सी.ठाठीपुर गये वहां पर उन्हें व्यवस्थाएं ठीक मिलीं।
जिला चिकित्सालय मुरार ग्वालियर के औचक निरीक्षण में एडीएम को मिली कमी, सुधार हेतु दिया 7 दिन का समय

