दतिया।कार्यशाला में शासकीय चिकित्सा महाविद्यालय दतिया के मनोरोग विभाग के विशेषज्ञ डॉ. राजेश सिंह, सहायक प्राध्यापक एवं डॉ. महेंद्र यादव, सीनियर रेजिडेंट द्वारा पुलिस अधिकारियों एवं कर्मचारियों को मानसिक स्वास्थ्य तथा विभिन्न प्रकार के नशे के दुष्प्रभावों के संबंध में विस्तृत प्रशिक्षण दिया गया।कार्यशाला में 50 से अधिक पुलिसकर्मियों एवं उनके वरिष्ठ अधिकारियों में पुलिस अधीक्षक एवं सेनानी मयूर खण्डेलवाल के निर्देशानुसार उप सेनानी राकेश खाका एवं सहायक सेनानी जीतेन्द्र नगाइच के नेतृत्व में मानसिक स्वास्थ्य एवं नशा मुक्ति पर शिविर का आयोजन किया गया। प्रशिक्षण के दौरान विशेष रूप से शराब, गांजा, कोकीन, , बीड़ी एवं तंबाकू/गुटखा जैसे नशीले पदार्थों के सेवन से होने वाले शारीरिक एवं मानसिक दुष्प्रभावों, नशे की पहचान तथा इसके प्रारंभिक लक्षणों के बारे में जानकारी दी गई।विशेषज्ञों ने बताया कि नशे की समस्या के साथ-साथ डिप्रेशन,एंग्जायटी, घबराहट, बेचैनी, नींद की समस्या एवं अन्य मानसिक स्वास्थ्य संबंधी लक्षणों को समय रहते पहचानना बेहद महत्वपूर्ण है। ऐसे लक्षण दिखाई देने पर व्यक्ति को समय पर मनोचिकित्सक से परामर्श एवं उचित उपचार लेना चाहिए।कार्यशाला के अंत में पुलिस अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने विशेषज्ञ चिकित्सकों से नशे और मानसिक स्वास्थ्य से जुड़े विभिन्न प्रश्न पूछे, जिनका चिकित्सकों द्वारा समाधान एवं मार्गदर्शन दिया गया।कार्यशाला का उद्देश्य पुलिसकर्मियों को मानसिक स्वास्थ्य के प्रति संवेदनशील बनाना, नशे की समस्या की समय रहते पहचान करना तथा जरूरतमंद व्यक्ति को उचित चिकित्सकीय सहायता तक पहुंचाना रहा। कार्यशाला का सफलतापूर्वक आयोजन किया गया।
दतिया 29वी बटालियन विशेष सशस्त्र बल द्वारा स्वास्थ्य एवं नशामुक्ति के प्रति जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से सेमिनार /प्रशिक्षण कार्यशाला का आयोजन किया गया,

