भिण्ड 13 मार्च 2026/ ग्रामीण क्षेत्रों में शासन द्वारा स्थापित ईकाईयों का मूल कार्य यह है कि वह शासन की योजनाओं का लाभ ग्राम के अंतिम व्यक्ति को मिल सके यह प्रयास करें। सरकार और ग्राम के बीच सेतु का कार्य करें समितियां।जनअभियान परिषद ने विकासखंड भिण्ड में जिन प्रस्फुटन समितियों का गठन किया है वे शासन की योजनाओं को संचालित कराने में धुरी बनें और शासन तथा लोगों के बीच सेतु का कार्य करें। उक्त बात जिला समन्वयक डॉ. शिवप्रताप सिंह ने कही वे जनअभियान परिषद की नवांकुर संस्थाओं द्वारा आयोजित प्रस्फुटन समितियों के प्रशिक्षण में मुख्यअतिथि के रूप में बोल रहे थे।
इस अवसर पर वरिष्ठ समाजसेवी स्व भगवंती बाई शिक्षा प्रसार समित के प्रमुख शशिकांत शर्मा, समाजसेवी कौशलेंद्र प्रताप सिंह, एवं सेक्टर दो में गठित समितियों में जागृति नगर विकास प्रस्फुटन समिति भिण्ड,अवसर फाउंडेशन नगर विकास समिति,आर्यावर्ती संस्कृति नगर विकास समिति, आरोही जन कल्याण नगर विकास समिति, चंदूपुरा, बबेड़ी, कुम्हरौआ, नुन्हाटा के सदस्य उपस्थित हुये जिसमें श्री अश्वनी भदौरिया, श्री भूपेन्द्र सिंह चौहान, प्रिन्स चौहान, हर्ष सिंह भदौरिया,शिवम राजावत, ज्योति राजावत, खुशबू कुशवाहा, जितेन्द्र सिंह, रबीता, रामनरेश सिंह, रेनू राजावत,नर्मदा देवी, मुस्कान, रोशनी , मीरा, सुरेखा , रामवती, दीक्षा, मेंटर, सरिता चौहान, नवांकुर सखियां, नवांकुर संस्थाओं के प्रतिनिधि सहित समाजसेवी सहित 40 लोग उपस्थित रहे। कार्यशाला का संचालन परामर्शदाता सरिता चौहान और आभार प्रदर्शन नवांकुर संस्था सचिव शशिकांत शर्मा ने किया।
ब्रह्मपुरी स्थित प्रांगण में दीप प्रज्वलन के साथ शुभारंभ करते हुए जिला समन्वयक शिवप्रताप सिंह भदौरिया ने कहा कि आज गांवों में संजीदगी से कार्य करने की बेहद आवश्यकता है। प्रस्फुटन समितियां ग्राम में शासन की ईकाई के रूप में ईमानदारी से कार्य कर एक मिसाल पेश करें और सर्वांगीण विकास में सहयोगी बन शासन की मंशा को साकार करें। श्री भदौरिया ने प्रस्फुटन समितियों को शासन के लिये स्त्रोत का कार्य करना चाहिए जिससे ग्राम विकास के लक्ष्यों को पूरा किया जा सके।
श्री भदौरिया ने कहा कि प्रस्फुटन जन अभियान परिषद की महत्वाकांक्षी योजना है इस योजना में प्रस्फुटन समिति के प्रत्येक सदस्य की जिम्मेदारी अत्यंत ही महत्वपूर्ण है अतः समाज में ग्राम की पुनः पहचान स्थापित करने में आप सभी प्राणपण से जुट जाएं। उन्होंने जल संरक्षण पर बोलते हुये कहा कि हम पानी के महत्व को समझें और पानी को पानी की तरह बहाना बंद करें वरना हम एक भीषण त्रासदी का सामना आने वाले दिनों में करेंगे। उन्होंने प्रस्फुटन समितियों को कहा कि वे ग्राम में पानी के महत्व को ग्रामीणों को समझाएं और पानी बचाने में अपनी सक्रिय भागीदारी करें।उन्होंने अतिथियों व प्रतिभागियों व स्वागत करते हुए जन अभियान परिषद की अवधारणा और प्रस्फुटन समितियों से अपेक्षा को उपस्थित सदस्यों के समक्ष रखा। श्री भदौरिया ने कहा कि हमें प्रस्फुटन समितियों के माध्यम से ग्राम में विकास के मानकों को सही से स्थापित करना है। हमारी किसी भी ईकाई से किसी भी तरह का द्वंद नहीं है और न ही हमें उनसे लड़ना है। उनके द्वारा किए जा रहे कार्यों में हमें सहयोगी की भूमिका निभाकर उन कार्यों को शतप्रतिशत सार्थक करना है। उन्होंने इस प्रस्फुटन प्रशिक्षण कार्यशाला के उद्देश्य का जिक्र करते हुए कहा कि आपको सात बिंदुओं पर पारदर्शिता के साथ कार्य करने की रणनीति और आगे के कार्यों की रूपरेखा बनाकर बेहतर कार्य करना इस कार्यशाला प्रमुख उद्देश्यहै।
वरिष्ठ समाजसेवी कौशलेंद्र प्रताप सिंह ने कहा कि हम शिकायती लहजा त्याग कर स्व अवलोकन करें और निर्धारण करें कि समाज को हमने क्या दिया जिससे कि सकारात्मक भाव उत्पन्न हो सके। परिषद द्वारा गठित समितियां इस मंच के माध्यम से समाज में सामाजिक सरोकारों के साथ समभाव की कल्पना को साकार कर सकते हैं यही मंशा शासन की है। शशिकांत शर्मा ने कहा कि जनअभियान द्वारा गठित समितियों के माध्यम से न केवल ग्राम में जागरूकता बढ़ेगी बल्कि ग्राम में लोगों का जो विश्वास कम हो रहा है वह पुनः स्थापित होने में सहयोग मिलेगा।
वरिष्ठ समाजसेवी शशिकांत शर्मा ने कहा कि जन अभियान परिषद के प्रयास भिण्ड में दिखने लगे हैं इसका उदाहरण गठित प्रस्फुटन समितियों की सक्रियता है, आप इसी तन्मयता से विकास की अवधारणा को सबल बनाएं जिससे कि विकास के स्थापित लक्ष्यों को पाया जा सके। उन्होंने कहा कि हमें पूर्वजों से प्रेरणा लेनी चाहिए जिससे कि स्वस्थ्य समाज की स्थापना को बल मिल सके। अब समय आ गया है कि प्रस्फुटन समितियां अपने ग्राम में विकास के मानदंडों को स्वयं की निगरानी में तय करवाएं और सजग प्रहरी की भांति ग्राम को सशक्त, सुदृण और सुंदर बनाएं।
मेंटर सरिता चौहान ने कहा कि हमको ऊर्जा के संरक्षण के बारे में जागरूकता लानी होगी। यदि हम जागरूक होंगे तो निश्चित ही बचत कर पायेंगे। उन्होंने एप्लीकेशन के माध्यम से किस प्रकार लोगों को जागरूक करना है उक्त जानकारी दी। कार्यशाला का संचालन परामर्शदाता सरिता चौहान और आभार प्रदर्शन नवांकुर संस्था सचिव शशिकांत शर्मा ने किया।
जनअभियान परिषद की नवांकुर संस्था भगवंती बाई शिक्षा प्रसार समिति ने दिया प्रस्फुटन समितियों को प्रशिक्षण

