फिरोजाबाद न्यू तिलक नगर स्थित श्री 1008 पद्मप्रभ जिनालय में दसलक्षण पर्व के पावन अवसर पर धार्मिक आयोजनों की श्रृंखला श्रद्धा, भक्ति और उत्साह के साथ जारी है। पर्व के चलते नवीन जिनालय में सुबह से लेकर शाम तक धर्म आराधना का वातावरण बना हुआ है। बड़ी संख्या में श्रद्धालु मंदिर पहुंचकर धार्मिक कार्यक्रमों में सहभागिता कर धर्मलाभ प्राप्त कर रहे हैं।प्रातःकाल भगवान के अभिषेक, शांतिधारा एवं पूजन का आयोजन विधि-विधान और भक्तिभाव के साथ किया जा रहा है। धार्मिक मंत्रोच्चार एवं पूजन-अर्चना से जिनालय परिसर भक्तिमय हो उठता है। श्रद्धालु भगवान की आराधना करते हुए दसलक्षण धर्म के उत्तम गुणों को अपने जीवन में अपनाने का संकल्प ले रहे हैं।वहीं सायंकाल अनुराज शास्त्री जी के प्रवचनों का श्रद्धालुओं को धर्मलाभ मिल रहा है। उनके द्वारा दसलक्षण पर्व के आध्यात्मिक महत्व एवं उत्तम धर्म के विभिन्न गुणों पर सारगर्भित विचार प्रस्तुत किए जा रहे हैं। बड़ी संख्या में श्रद्धालु प्रवचन सुनने के लिए जिनालय पहुंच रहे हैं।दसलक्षण पर्व के अवसर पर श्री 1008 पद्मप्रभ जिनालय की आकर्षक विद्युत सजावट भी श्रद्धालुओं के आकर्षण का केंद्र बनी हुई है। सुंदर लाइटों से सजा नवीन जिनालय शाम होते ही जगमगा उठता है। रंग-बिरंगी रोशनी से मंदिर की भव्यता देखते ही बनती है और पूरे परिसर में उत्सव जैसा भक्तिमय वातावरण नजर आता है।सुबह अभिषेक, शांतिधारा एवं पूजन से शुरू होने वाली धर्म आराधना शाम को प्रवचनों के साथ और अधिक आध्यात्मिक रूप ले लेती है। समाजबंधु परिवार सहित धार्मिक आयोजनों में सहभागिता कर रहे हैं। दसलक्षण पर्व को लेकर बच्चों, युवाओं और बुजुर्गों में भी विशेष उत्साह दिखाई दे रहा है।दसलक्षण पर्व के दौरान श्रद्धालु धर्म आराधना, संयम और आत्मचिंतन के माध्यम से अपने जीवन में उत्तम गुणों को अपनाने का प्रयास कर रहे हैं। नवीन जिनालय में चल रहे धार्मिक आयोजन समाजबंधुओं को धर्म एवं आध्यात्मिकता से जुड़ने का अवसर प्रदान कर रहे हैं।
दसलक्षण पर्व के चलते नवीन जिनालय इन दिनों धर्म, भक्ति और आध्यात्मिक चेतना का केंद्र बना हुआ है। अभिषेक-शांतिधारा की भक्ति, प्रवचनों की ज्ञानधारा ने पूरे जिनालय को आकर्षण का केंद्र बना दिया है
दसलक्षण पर्व पर धर्ममय हुआ नवीन जिनालय, सुबह अभिषेक-शांतिधारा तो शाम को प्रवचनों से गूंजा परिसर

